HomeDefence Newsतीन दिन के दौरे पर ब्रिटेन पहुंचे सीडीएस जनरल अनिल चौहान, रक्षा...

तीन दिन के दौरे पर ब्रिटेन पहुंचे सीडीएस जनरल अनिल चौहान, रक्षा सहयोग पर होगी अहम चर्चा

यह दौरा इसलिए भी खास है क्योंकि पहली बार भारत के चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ यूके पहुंचे हैं। ब्रिटेन के सीडीएस एयर चीफ मार्शल रिचर्ड नाइटन ने जनरल अनिल चौहान का स्वागत किया...

रक्षा समाचार WhatsApp Channel Follow US

📍नई दिल्ली | 20 Apr, 2026, 11:54 AM

CDS UK Visit: भारत के चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल अनिल चौहान तीन दिन के आधिकारिक दौरे पर ब्रिटेन पहुंचे हुए हैं। यह किसी भारतीय सीडीएस का यूके का पहला औपचारिक दौरा माना जा रहा है। इस यात्रा का मुख्य मकसद भारत और ब्रिटेन के बीच रक्षा सहयोग को और मजबूत करना है। दौरे की शुरुआत 19 अप्रैल से हुई और इसमें कई अहम बैठकों का कार्यक्रम तय किया गया है।

CDS UK Visit: पहली बार हो रहा है ऐसा दौरा

यह दौरा इसलिए भी खास है क्योंकि पहली बार भारत के चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ यूके पहुंचे हैं। ब्रिटेन के सीडीएस एयर चीफ मार्शल रिचर्ड नाइटन ने जनरल अनिल चौहान का स्वागत किया। दोनों देशों के शीर्ष सैन्य अधिकारियों के बीच बातचीत में कई अहम मुद्दों को शामिल किया गया है।

इस यात्रा को दोनों देशों के बीच बढ़ते रक्षा रिश्तों के संकेत के तौर पर देखा जा रहा है। हाल के महीनों में दोनों देशों के बीच कई हाई लेवल सैन्य मुलाकातें हो चुकी हैं, जिनके बाद यह दौरा तय हुआ।

को-प्रोडक्शन पर फोकस

दौरे के दौरान दोनों देशों के बीच ट्रेनिंग, ऑपरेशनल कोऑर्डिनेशन और डिफेंस इंडस्ट्री पार्टनरशिप पर चर्चा हो रही है। दोनों पक्ष इस बात पर जोर दे रहे हैं कि सेनाओं के बीच तालमेल को और बेहतर बनाया जाए।

इसके साथ ही को-प्रोडक्शन यानी संयुक्त उत्पादन पर भी बातचीत हो रही है। इसका मतलब है कि दोनों देश मिलकर रक्षा उपकरण और सिस्टम तैयार करने के विकल्प तलाश रहे हैं।

यह भी पढ़ें:  EX DHARMA GUARDIAN: भारत-जापान के बीच जॉइंट मिलिट्री एक्सरसाइज 'धर्म गार्जियन' शुरू, भारतीय सेना फुजी रवाना, जानें क्यों है यह महत्वपूर्ण?

जनरल अनिल चौहान अपने दौरे के दौरान ब्रिटेन के कई वरिष्ठ सैन्य और सिविल अधिकारियों से मुलाकात कर रहे हैं। इन बैठकों में रणनीतिक मुद्दों पर चर्चा हो रही है और दोनों देशों के बीच सहयोग के नए रास्ते तलाशे जा रहे हैं।

इसके अलावा वे ब्रिटिश डिफेंस इंडस्ट्री से जुड़े प्रतिनिधियों से भी मिल रहे हैं। इन बैठकों में खासतौर पर रक्षा निर्माण और टेक्नोलॉजी से जुड़े सहयोग पर बात हो रही है।

इस दौरे में रक्षा उद्योग को भी खास महत्व दिया गया है। भारत और ब्रिटेन दोनों इस बात पर काम कर रहे हैं कि डिफेंस सेक्टर में साझेदारी को आगे बढ़ाया जाए। ब्रिटिश कंपनियों के साथ मिलकर भारत में निर्माण और टेक्नोलॉजी ट्रांसफर जैसे विषयों पर चर्चा हो रही है। इससे भारत में घरेलू उत्पादन को बढ़ावा देने की कोशिश की जा रही है।

जाएगें रॉयल कॉलेज ऑफ डिफेंस स्टडीज

दौरे के दौरान जनरल चौहान रॉयल कॉलेज ऑफ डिफेंस स्टडीज भी जाएंगे। यहां वे अलग-अलग देशों से आए अधिकारियों और छात्रों से बातचीत करेंगे। इस मुलाकात का मकसद सैन्य शिक्षा और रणनीतिक समझ को साझा करना है। इस तरह के प्लेटफॉर्म पर अलग-अलग देशों के अधिकारी एक-दूसरे के अनुभवों से सीखते हैं।

इंडो-पैसिफिक पर भी चर्चा

बातचीत में इंडो-पैसिफिक क्षेत्र से जुड़े मुद्दे भी शामिल हैं। यह क्षेत्र दोनों देशों के लिए रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण माना जाता है। दोनों देश इस बात पर चर्चा कर रहे हैं कि इस क्षेत्र में सुरक्षा और स्थिरता बनाए रखने के लिए किस तरह सहयोग किया जा सकता है।

यह भी पढ़ें:  Pinaka MBRL: पिनाका रॉकेट सिस्टम हुआ और भी ताकतवर, पहले आर्मेनिया ने खरीदा, अब फ्रांस भी दिखा रहा रूचि

इस दौरे से पहले भी भारत और ब्रिटेन के बीच कई अहम सैन्य संपर्क हो चुके हैं। मार्च 2026 में ब्रिटेन के एयर चीफ मार्शल भारत आए थे और दोनों देशों के बीच सहयोग पर बातचीत हुई थी। इन लगातार बैठकों के बाद अब यह दौरा दोनों देशों के रिश्तों को और आगे बढ़ाने के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है।

ब्रिटेन के उच्चायोग की तरफ से जारी बयान में कहा गया है कि यह दौरा दोनों देशों के बीच भरोसे और सहयोग को दर्शाता है। इसमें यह भी कहा गया कि भारत यूके के लिए एक महत्वपूर्ण रक्षा साझेदार है। साथ ही, दोनों देश मिलकर इंटरऑपरेबिलिटी बढ़ाने, इनोवेशन को बढ़ावा देने और सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर साथ काम कर रहे हैं।

दौरे के दौरान इस बात पर भी चर्चा होगी कि सेनाओं के बीच संयुक्त अभ्यास और ट्रेनिंग को और बढ़ाया जाए। इससे दोनों देशों की सेनाओं के बीच काम करने का तरीका एक जैसा हो सकेगा। इसके अलावा नई तकनीक, साइबर सिक्योरिटी और आधुनिक युद्ध से जुड़े विषयों पर भी सहयोग की बात होनी है।

Author

  • News Desk

    रक्षा समाचार न्यूज डेस्क भारत की अग्रणी हिंदी रक्षा समाचार टीम है, जो Indian Army, Navy, Air Force, DRDO, रक्षा उपकरण, युद्ध रणनीति और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी विश्वसनीय और विश्लेषणात्मक खबरें पेश करती है। हम लाते हैं सटीक, सरल और अपडेटेड Defence News in Hindi। हमारा उद्देश्य है – "हर खबर, देश की रक्षा से जुड़ी।"

रक्षा समाचार WhatsApp Channel Follow US
News Desk
News Desk
रक्षा समाचार न्यूज डेस्क भारत की अग्रणी हिंदी रक्षा समाचार टीम है, जो Indian Army, Navy, Air Force, DRDO, रक्षा उपकरण, युद्ध रणनीति और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी विश्वसनीय और विश्लेषणात्मक खबरें पेश करती है। हम लाते हैं सटीक, सरल और अपडेटेड Defence News in Hindi। हमारा उद्देश्य है – "हर खबर, देश की रक्षा से जुड़ी।"

Most Popular