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Indian Army Pension Tax Rebate: सर्विस/फैमिली पेंशनर्स के लिए खुशखबरी, SAPCS का आदेश; वेटरंस की पेंशन पर नहीं लगेगा इनकम टैक्स

Indian Army Pension Tax Rebate: Good news for service/family pensioners as SAPCS issues order; veterans' pensions to be exempt from income tax
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📍नई दिल्ली | 23 Nov, 2024, 1:21 PM

Indian Army Pension Tax Rebate: डिफेंस ऑफिस कंप्लेक्शन सेक्शन ने हाल ही में देश के रक्षा पेंशनर्स और उनके परिवारों के लिए नई टैक्स गाइडलाइन जारी की है। इस एडवाइजरी में पेंशनर्स और फैमिली पेंशनर्स के लिए इनकम टैक्स रेजाइम में नए विकल्पों को समझाया गया है। इसमें यह बताया गया है कि उनके लिए ओल्ड और न्यू टैक्स रेजाइम में से कौन सा बेहतर रहेगा और उनकी इनकम के आधार पर टैक्स कैसा लगाया जाएगा।

Indian Army Pension Tax Rebate: Good news for service/family pensioners as SAPCS issues order; veterans' pensions to be exempt from income tax

क्या है ओल्ड और न्यू टैक्स रेजाइम का फर्क?

2020 में बजट के दौरान सरकार ने न्यू टैक्स रेजाइम पेश किया था, जिसमें कई प्रकार की छूटें हटाकर सरल टैक्स स्लैब दिए गए थे। इसके तहत:

  • 7 लाख रुपये तक की आय टैक्स मुक्त है।
  • इसके बाद, 7-10 लाख रुपये तक 10%, 10-12 लाख रुपये तक 15%, 12-15 लाख रुपये तक 20% और 15 लाख रुपये से अधिक आय पर 30% टैक्स लगेगा।
  • स्टैंडर्ड डिडक्शन अब 50,000 रुपये से बढ़ाकर 55,000 रुपये कर दिया गया है।

ओल्ड टैक्स रेजाइम के तहत, आप एचआरए, एलटीए, होम लोन ब्याज, और धारा 80C, 80D आदि के तहत कई कटौतियां प्राप्त कर सकते थे। हालांकि, इसकी अधिकतम सीमा 1.5 लाख रुपये थी।

किन्हें क्या चुनना चाहिए?

यदि आपकी आय 7.75 लाख रुपये तक है, तो न्यू टैक्स रेजाइम फायदेमंद है क्योंकि इसमें किसी प्रकार का टैक्स नहीं देना होगा। लेकिन, यदि आपकी इनकम ज्यादा है और आप अधिक कटौतियों का लाभ ले सकते हैं, तो ओल्ड टैक्स रेजाइम बेहतर हो सकता है।

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सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि जो लोग पेंशन पर निर्भर हैं और जिनकी कुल डिडक्शन 3.75 लाख रुपये से अधिक है, उन्हें ओल्ड रेजाइम अपनाना चाहिए। इसके विपरीत, यदि आपकी डिडक्शन 1.5 लाख रुपये से कम है, तो न्यू रेजाइम पर जाना ज्यादा फायदेमंद रहेगा।

पेंशनर्स और फैमिली पेंशनर्स के लिए विशेष प्रावधान

  1. फैमिली पेंशनर्स:
    • पहले तक फैमिली पेंशन पर 15,000 रुपये तक की छूट मिलती थी। अब यह बढ़कर 25,000 रुपये कर दी गई है।
    • यदि आप डिफेंस फैमिली पेंशन लेते हैं, तो इसे टैक्स स्लैब के तहत जोड़कर टैक्स भरा जाएगा।
  2. सेना कर्मियों का प्रोविडेंट फंड:
    • प्रोविडेंट फंड पर अर्जित ब्याज और निकासी पूरी तरह से टैक्स मुक्त है।
  3. लीव इनकैशमेंट और ग्रेच्युटी:
    • नॉन-गवर्नमेंट कर्मचारियों के लिए लीव इनकैशमेंट सीमा 3 लाख रुपये से बढ़ाकर 25 लाख रुपये कर दी गई है।

डिफेंस ऑफिस की सलाह

डिफेंस ऑफिस 19 नवंबर को जारी (C/7099/Policy/SAPCS/2024) एडवाइजरी में कहा है कि पेंशनर्स अपने फॉर्म 16 के आधार पर आईटीआर फाइल करने से पहले, यह सुनिश्चित करें कि उनका टैक्स स्लैब उनके आय स्रोत और डिडक्शन के अनुसार सही हो। यदि किसी पेंशनर को भ्रम है, तो वह इनकम टैक्स कैलकुलेटर का उपयोग कर सकता है, जो सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध है।

क्या करें?

  1. यदि आपकी आय कम है और आप किसी बड़े टैक्स डिडक्शन का लाभ नहीं लेते हैं, तो न्यू टैक्स रेजाइम बेहतर विकल्प है।
  2. जिनकी कुल आय अधिक है और वे कई कटौतियों का लाभ लेते हैं, उन्हें ओल्ड टैक्स रेजाइम चुनना चाहिए।
  3. किसी भी टैक्स संबंधित सवाल के लिए, अपने क्षेत्र के डिफेंस ऑफिस या कर सलाहकार से संपर्क करें।
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बता दें, कि टैक्स रेजाइम का चुनाव व्यक्ति की आय और उसके खर्चों पर निर्भर करता है। सरकार की नई गाइडलाइन पेंशनर्स को बेहतर विकल्प चुनने में मदद करेगी, जिससे उन्हें कम से कम टैक्स देना पड़े और बचत अधिक हो सके।

Author

  • herry passport

    हरेंद्र चौधरी रक्षा पत्रकारिता (Defence Journalism) में सक्रिय हैं और RakshaSamachar.com से जुड़े हैं। वे लंबे समय से भारतीय सेना, नौसेना और वायुसेना से जुड़ी रणनीतिक खबरों, रक्षा नीतियों और राष्ट्रीय सुरक्षा से संबंधित मुद्दों को कवर कर रहे हैं। पत्रकारिता के अपने करियर में हरेंद्र ने संसद की गतिविधियों, सैन्य अभियानों, भारत-पाक और भारत-चीन सीमा विवाद, रक्षा खरीद और ‘मेक इन इंडिया’ रक्षा परियोजनाओं पर विस्तृत लेख लिखे हैं। वे रक्षा मामलों की गहरी समझ और विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के लिए जाने जाते हैं।

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