📍नई दिल्ली | 21 Mar, 2026, 3:20 PM
Sainik Schools: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा है कि आज के समय में युद्ध सिर्फ सीमाओं तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि इसका दायरा बहुत बड़ा हो चुका है। अब किसी देश की सुरक्षा सिर्फ सेना पर ही निर्भर नहीं करती, बल्कि इकोनॉमिक, डिजिटल, एनर्जी और फूड सिक्योरिटी भी उतनी ही महत्वपूर्ण हो गई है।
उन्होंने यह बात उत्तराखंड के सैनिक स्कूल घोराखाल के 60वें स्थापना दिवस (डायमंड जुबली) कार्यक्रम को वर्चुअल तरीके से संबोधित करते हुए कही। इस दौरान उन्होंने कहा कि देश को मजबूत बनाने के लिए सिर्फ एक मजबूत सेना ही नहीं, बल्कि जागरूक और तैयार नागरिक भी जरूरी हैं।
Sainik Schools: बदल चुका है युद्ध का तरीका
रक्षा मंत्री ने कहा कि आज के समय में युद्ध का स्वरूप पूरी तरह बदल गया है। पहले युद्ध जमीन, हवा या समुद्र तक सीमित होते थे, लेकिन अब साइबर, स्पेस और इंफॉर्मेशन वॉरफेयर भी इसका हिस्सा बन चुके हैं। उन्होंने बताया कि अब दुश्मन किसी देश को सीधे हमला किए बिना भी कमजोर कर सकता है। जैसे साइबर अटैक के जरिए सिस्टम ठप करना, इकोनॉमिक दबाव बनाना या गलत जानकारी फैलाकर देश को अस्थिर करना। इसी वजह से उन्होंने हर नागरिक को सतर्क और तैयार रहने की जरूरत पर जोर दिया।
देश के नागरिकों की भूमिका बेहद अहम
राजनाथ सिंह ने कहा कि सरकार लगातार सेना को आधुनिक हथियार और नई टेक्नोलॉजी से लैस कर रही है। लेकिन इसके साथ-साथ देश के नागरिकों की भूमिका भी बहुत अहम है।
उन्होंने कहा कि अगर देश के लोग मानसिक रूप से मजबूत और अनुशासित होंगे, तभी वे मुश्किल समय में देश के साथ खड़े हो पाएंगे। खासकर युवाओं को इस दिशा में तैयार होने की जरूरत है।
Speaking at the Diamond Jubilee celebrations of Sainik School Ghodakhal (Uttarakhand). https://t.co/4NU3AuQnKh
— Rajnath Singh (@rajnathsingh) March 21, 2026
युवाओं के लिए VUCA का नया मतलब
रक्षा मंत्री ने युवाओं को एक खास संदेश भी दिया। उन्होंने VUCA शब्द का जिक्र किया, जिसका मतलब होता है – वोलाटाइल, अनसर्टेन, कॉम्प्लेक्स और एम्बिग्युअस।
लेकिन उन्होंने युवाओं से कहा कि वे इसका नया मतलब अपनाएं – विजन, अंडरस्टैंडिंग, करेज और अडैप्टेबिलिटी।
उन्होंने समझाया कि आज के समय में युवाओं को साफ सोच, सही समझ, हिम्मत और बदलती परिस्थितियों के अनुसार खुद को ढालने की क्षमता विकसित करनी चाहिए। इससे वे किसी भी चुनौती का सामना बेहतर तरीके से कर सकेंगे।
देशभर में बढ़ रहे सैनिक स्कूल
राजनाथ सिंह ने बताया कि सरकार देश में युवाओं को राष्ट्र निर्माण के लिए तैयार करने के लिए कई कदम उठा रही है। उन्होंने कहा कि हाल ही में सरकार ने पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप मॉडल के तहत 100 नए सैनिक स्कूल खोलने का फैसला किया है। इससे ज्यादा से ज्यादा युवाओं को अनुशासन और देश सेवा की भावना सिखाई जा सकेगी।
इसके अलावा एनसीसी यानी नेशनल कैडेट कॉर्प्स में भी सीटों की संख्या बढ़ाई गई है। पहले जहां 17 लाख कैडेट्स की क्षमता थी, अब इसे बढ़ाकर 20 लाख कर दिया गया है।
लड़कियों के लिए नया मौका
रक्षा मंत्री ने सैनिक स्कूलों में लड़कियों के एडमिशन को एक ऐतिहासिक फैसला बताया। उन्होंने कहा कि इससे देश की ‘नारी शक्ति’ और मजबूत होगी। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले समय में यही लड़कियां देश के अलग-अलग क्षेत्रों में बड़ी भूमिका निभाएंगी और दूसरों के लिए प्रेरणा बनेंगी।
अपने संबोधन में राजनाथ सिंह ने सैनिक स्कूल घोराखाल की उपलब्धियों की भी सराहना की। उन्होंने बताया कि इस स्कूल ने पिछले कई दशकों में देश को बड़ी संख्या में सैन्य अधिकारी दिए हैं। अब तक यहां से 800 से ज्यादा छात्र नेशनल डिफेंस एकेडमी में पहुंचे हैं, जबकि 2000 से ज्यादा छात्र अलग-अलग परीक्षाओं के जरिए सशस्त्र बलों में शामिल हुए हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि यह संस्थान आगे भी देश के लिए बेहतर और जिम्मेदार नेता तैयार करता रहेगा।

