HomeGeopoliticsPakistan Army Wink Scandal: पाकिस्तानी सेना के डीजी आईएसपीआर ने महिला पत्रकार...

Pakistan Army Wink Scandal: पाकिस्तानी सेना के डीजी आईएसपीआर ने महिला पत्रकार को मारी आंख, वीडियो वायरल होते ही मचा बवाल

वीडियो में, पाकिस्तान आर्मी के प्रवक्ता लेफ्टिनेंट जनरल अहमद शरीफ चौधरी को एक महिला पत्रकार को प्रेस ब्रीफिंग के बीच में आंख मारते हुए देखा गया...

रक्षा समाचार WhatsApp Channel Follow US

📍नई दिल्ली | 10 Dec, 2025, 2:44 PM

Pakistan Army Wink Scandal: पाकिस्तान सेना के मीडिया विभाग डीजी आईएसपीआर की प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। जिसके बाद पाकिस्तानी सेना की प्रोफेशनल छवि को गंभीर सवालों के घेरे में खड़ी हो गई है। इस वीडियो में, पाकिस्तान आर्मी के प्रवक्ता लेफ्टिनेंट जनरल अहमद शरीफ चौधरी को एक महिला पत्रकार को प्रेस ब्रीफिंग के बीच में आंख मारते हुए देखा गया। जिसके बाद सोशल मीडिया पर लाखों यूजर्स ने पाकिस्तान सेना की कड़ी आलोचना की।

वायरल वीडियो में पत्रकार अब्सा कोमल जनरल चौधरी से यह पूछते दिखाई देती हैं कि पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान को “नेशनल सिक्योरिटी थ्रेट”, “एंटी-स्टेट” और “दिल्ली के इशारों पर चलने वाला” कहने का नया आधार क्या है। पत्रकार ने पूछा कि क्या यह रुख पहले के मुकाबले किसी बदलाव का संकेत देता है। इसी सवाल के जवाब में चौधरी ने कहा, “और एक चौथा पॉइंट भी जोड़ लीजिए… वो एक ‘जेह्नी मरीज’ भी हैं।” इतना बोलने के बाद उन्होंने मुस्कुराते हुए पत्रकार की तरफ आंख मारी।

Pakistan Missile exposed: पाकिस्तान की ‘किलर मिसाइल’ का दावा झूठा, न बताई रेंज और न ही किया स्पीड का जिक्र

यह पूरी घटना विवाद की वजह बन गई। जैसे ही वीडियो सोशल मीडिया पर आया, उस पर कई यूजर्स ने लिखा कि एक वरिष्ठ सैन्य अधिकारी द्वारा महिला पत्रकार के सामने इस तरह का इशारा “अनप्रोफेशनल” और “अनुचित” है। एक यूजर ने लिखा, “डीजी आईएसपीआर महिला पत्रकार से फ्लर्ट कर रहा है? यह प्रेस कॉन्फ्रेंस थी या सस्ता मजाक?” एक अन्य यूजर ने कहा, “यही वजह है कि पाकिस्तान की संस्थाओं पर भरोसा खत्म होता जा रहा है।”

कुछ पत्रकार संगठनों और महिला अधिकार समूहों ने भी इस घटना पर चिंता जताई और इसे “लिंगभेदी व्यवहार” बताया। उनका कहना है कि वरिष्ठ अधिकारियों से अपेक्षा होती है कि वे प्रेस के सामने संयम, सम्मान और प्रोफेशनलिज्म का पालन करें। पाकिस्तान जैसे संवेदनशील राजनीतिक वातावरण में इस तरह का व्यवहार और भी गंभीर माना जाता है।

यह भी पढ़ें:  Pakistan Nankana Sahib: ननकाना साहिब यात्रा पर गए हिंदुओं को पाकिस्तान ने लौटाया, बोला- सिर्फ सिखों को मिलेगी एंट्री

जनरल चौधरी पिछले कई महीनों से पाकिस्तान सेना का सबसे आक्रामक चेहरा बने हुए हैं। ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत को लेकर उनके कई बयान चर्चा में रहे। उन्होंने कई बार दावा किया कि पाकिस्तान “कभी नागरिकों को निशाना नहीं बनाता” और भारत को “कड़े जवाब” की चेतावनी भी दी थी। भारत में उनके कई बयानों को भड़काऊ और तथ्यहीन बताया गया था।

एक और विवाद इस बात को लेकर भी उठ रहा है कि चौधरी का बैकग्राउंड किस तरह से लंबे समय से विवादों में रहा है। वे आतंकी वैज्ञानिक सुल्तान बशीरुद्दीन महमूद के बेटे हैं, जिन्हें ओसामा बिन लादेन से संबंधों के कारण अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आरोपी घोषित किया गया था।

वायरल घटना उस समय हुई है जब जनरल चौधरी लगातार इमरान खान पर तेज हमले कर रहे हैं। पिछले हफ्ते की मीडिया ब्रीफिंग में उन्होंने खान को “नरसिसिस्ट”, “मेंटली इल पर्सन” और “नेशनल सिक्योरिटी के लिए खतरा” कहा था। उन्होंने दावा किया कि खान अपने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए पाकिस्तान सेना के खिलाफ “डिजिटल नैरेटिव” तैयार कर रहे हैं। इसके जवाब में खान ने सेना प्रमुख असीम मुनीर को “मेंटली अनस्टेबल” कहा था। इस तनातनी के बाद डीजी आईएसपीआर का विंक कांड और भी संवेदनशील मुद्दा बन गया है।

पाकिस्तान की मीडिया दुनिया में यह भी चर्चा है कि सेना और पत्रकारों के रिश्ते पहले ही तनाव में हैं। कई पत्रकारों ने खुलकर कहा है कि प्रेस कॉन्फ्रेंस में डर का माहौल होता है और सेना के खिलाफ सवाल पूछना आसान नहीं। ऐसे में डीजी आईएसपीआर का महिला पत्रकार को आंख मारना न केवल प्रोटोकॉल का उल्लंघन माना जा रहा है, बल्कि यह प्रेस की गरिमा को ठेस पहुंचाने जैसा भी बताया जा रहा है।

यह भी पढ़ें:  Pakistan-IS-Khorasan: तालिबान का खुलासा, आईएसआई और पाक सेना चला रही है आईएसआईएस-खोरासान नेटवर्क, ईरान-रूस बम धमाकों में भी हाथ

घटना के बाद सोशल मीडिया पर यह मांग भी उठने लगी है कि पाकिस्तान सेना को इस मामले में आधिकारिक स्पष्टीकरण देना चाहिए। अब तक सेना की तरफ से कोई बयान जारी नहीं किया गया है। पाकिस्तान के अंदर भी कई लोग पूछ रहे हैं कि अगर इसी तरह की घटना भारत या किसी लोकतांत्रिक देश में होती तो क्या सेना का कोई अधिकारी बच पाता?

सोशल मीडिया और राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि यह घटना पाकिस्तान की संस्थाओं में व्याप्त पितृसत्तात्मक सोच, प्रोफेशनल स्टैंडर्ड्स की गिरावट और तनावपूर्ण राजनीतिक हालात को बेनकाब करती है। एक ही वीडियो ने पाकिस्तान की सेना, मीडिया और राजनीति के बीच चल रही खाई को एक बार फिर सामने ला दिया है।

Author

  • News Desk

    रक्षा समाचार न्यूज डेस्क भारत की अग्रणी हिंदी रक्षा समाचार टीम है, जो Indian Army, Navy, Air Force, DRDO, रक्षा उपकरण, युद्ध रणनीति और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी विश्वसनीय और विश्लेषणात्मक खबरें पेश करती है। हम लाते हैं सटीक, सरल और अपडेटेड Defence News in Hindi। हमारा उद्देश्य है – "हर खबर, देश की रक्षा से जुड़ी।"

रक्षा समाचार WhatsApp Channel Follow US
News Desk
News Desk
रक्षा समाचार न्यूज डेस्क भारत की अग्रणी हिंदी रक्षा समाचार टीम है, जो Indian Army, Navy, Air Force, DRDO, रक्षा उपकरण, युद्ध रणनीति और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी विश्वसनीय और विश्लेषणात्मक खबरें पेश करती है। हम लाते हैं सटीक, सरल और अपडेटेड Defence News in Hindi। हमारा उद्देश्य है – "हर खबर, देश की रक्षा से जुड़ी।"

Most Popular