📍नई दिल्ली | 10 Mar, 2026, 10:06 PM
Pinkathon Ultra Delhi: नई दिल्ली में आयोजित पिंकाथॉन अल्ट्रा दिल्ली में इस बार भारतीय सेना की चार महिला अफसरों ने शानदार प्रदर्शन करके इतिहास रच दिया। खास बात यह है कि ये चारों महिला अधिकारी आर्म्ड फोर्सेज मेडिकल सर्विसेज से जुड़ी हैं और इन्होंने 100 किलोमीटर रिले अल्ट्रा रन में भाग लेकर दूसरा स्थान हासिल किया।
यह प्रतियोगिता अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के मौके पर 7 मार्च को दिल्ली के जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में आयोजित की गई थी। सुबह लगभग 5 बजे शुरू हुई इस अल्ट्रा रन में देशभर से बड़ी संख्या में महिला धावकों ने हिस्सा लिया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य महिलाओं में फिटनेस, स्वास्थ्य और आत्मविश्वास को बढ़ावा देना था।
इस पिंकाथॉन का आयोजन मशहूर फिटनेस आइकन मिलिंद सोमन और उनकी पत्नी अंकिता कोनवार ने किया था। (Pinkathon Ultra Delhi)
Pinkathon Ultra Delhi: महिलाओं के लिए खास एंड्योरेंस रन
पिंकाथॉन अल्ट्रा को भारत के प्रमुख महिला एंड्योरेंस रनिंग इवेंट्स में से एक माना जाता है। इस प्रतियोगिता में अलग-अलग दूरी की कैटेगरी रखी गई थीं, ताकि अलग-अलग स्तर की धावक इसमें हिस्सा ले सकें। इस इवेंट में 50 किलोमीटर, 75 किलोमीटर, 100 किलोमीटर सोलो और 100 किलोमीटर रिले जैसी अल्ट्रा दूरी की कैटेगरी शामिल थीं।
अल्ट्रा रनिंग आमतौर पर बेहद मुश्किल मानी जाती है क्योंकि इसमें लंबे समय तक लगातार दौड़ना पड़ता है। इसमें केवल शारीरिक ताकत ही नहीं बल्कि मानसिक मजबूती भी बहुत जरूरी होती है।
दिल्ली में आयोजित इस संस्करण में कई प्रोफेशनल रनिंग क्लब और अनुभवी रर्नस ने हिस्सा लिया था। ऐसे मुश्किल मुकाबले के बीच आर्म्ड फोर्सेज मेडिकल सर्विसेज की चार महिला अफसरों ने शानदार प्रदर्शन किया। (Pinkathon Ultra Delhi)
100 किलोमीटर रिले कैटेगरी में लिया हिस्सा
इस प्रतियोगिता में चार महिला अधिकारियों की एक टीम ने 100 किलोमीटर रिले कैटेगरी में भाग लिया। रिले फॉर्मेट में पूरी दूरी चार हिस्सों में बांटी जाती है। हर धावक को 25 किलोमीटर दौड़ना होता है। इन चारों अधिकारियों ने मिलकर पूरी 100 किलोमीटर दूरी पूरी की।
दिल्ली की गर्मी और कठिन परिस्थितियों के बावजूद उन्होंने बेहतरीन तालमेल और सहनशक्ति का प्रदर्शन किया।
कुल 10 टीमों के बीच हुए मुकाबले में इनकी टीम ने दूसरा स्थान हासिल किया। दिलचस्प बात यह रही कि वे विजेता टीम से केवल चार मिनट पीछे रह गईं।
100 किलोमीटर जैसी लंबी और कठिन दौड़ में यह अंतर बेहद कम माना जाता है और इसे एक बड़ी उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है। (Pinkathon Ultra Delhi)
Four inspiring women officers from the #ArmedForcesMedicalServices proved that endurance has no limits at the Pinkathon Ultra #Delhi 2026.
Col Shivani Sangwan, Col Richa Joshi, Col Smitha Thadathil and Lt Col Priyamvada Chaubey completed the 100 km relay ultra, running 25 km… pic.twitter.com/cMMEuM0Pe6— Raksha Samachar | रक्षा समाचार 🇮🇳 (@RakshaSamachar) March 10, 2026
इस टीम में शामिल थीं ये महिला अफसर
इस टीम में शामिल चारों अधिकारी अपने-अपने क्षेत्र में बेहद अनुभवी और समर्पित प्रोफेशनल्स हैं। कर्नल शिवानी सांगवान इस टीम का हिस्सा थीं। वह आर्म्ड फोर्सेज हॉस्पिटल रिसर्च एंड रेफरल में पैथोलॉजी और साइटोजेनेटिक्स की सीनियर एडवाइजर हैं। अपने मेडिकल काम के साथ-साथ वह एक अनुभवी अल्ट्रा रनर भी हैं।
उन्होंने पहले भी कई कठिन दौड़ों में हिस्सा लिया है। वर्ष 2022 में “हंड्रेड डेज ऑफ रनिंग” प्रतियोगिता में उन्होंने पोडियम फिनिश हासिल किया था। इसके अलावा उन्होंने 2024 में “बॉर्डर अल्ट्रा 100 किलोमीटर” दौड़ सफलतापूर्वक पूरी की थी। (Pinkathon Ultra Delhi)
उसी साल लद्दाख में आयोजित “खारदुंग ला चैलेंज 72 किलोमीटर अल्ट्रा मैराथन” में भी वह शीर्ष दस महिला धावकों में शामिल रही थीं। हाल ही में गुरुग्राम में आयोजित “ट्रेल-ए-थॉन 28 किलोमीटर” दौड़ में भी उन्होंने पोडियम स्थान हासिल किया।
इस टीम की दूसरी सदस्य कर्नल ऋचा जोशी हैं। वह ऑन्कोसर्जरी की सीनियर एडवाइजर हैं और कैंसर सर्जरी के क्षेत्र में काम करती हैं। अपने व्यस्त मेडिकल करियर के बावजूद वह फिटनेस के लिए समय निकालती हैं और कई हाफ मैराथन में पोडियम फिनिश हासिल कर चुकी हैं। (Pinkathon Ultra Delhi)
तीसरी सदस्य कर्नल स्मिता थडाथिल हैं, जो मिलिट्री नर्सिंग सर्विस की अधिकारी हैं और कमांड हॉस्पिटल एयर फोर्स बेंगलुरु में मैट्रन-इन-चार्ज के रूप में कार्यरत हैं। वह एक अनुभवी फुल मैराथन रनर हैं और लंबे समय से दौड़ प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेती रही हैं।
चौथी सदस्य लेफ्टिनेंट कर्नल प्रियंवदा चौबे हैं, जो मिलिट्री नर्सिंग सर्विस में अधिकारी हैं और मिलिट्री हॉस्पिटल प्रयागराज में तैनात हैं। वह भी एक मजबूत मैराथन और अल्ट्रा रनर के रूप में जानी जाती हैं।
उन्होंने कई प्रमुख रनिंग इवेंट्स में हिस्सा लिया है, जिनमें नई दिल्ली मैराथन, लद्दाख मैराथन और 55 किलोमीटर लेक-टू-लेक अल्ट्रा रन शामिल हैं। (Pinkathon Ultra Delhi)
अनुशासन और टीमवर्क की मिसाल
इन चारों अधिकारियों की उपलब्धि केवल एक खेल उपलब्धि नहीं है, बल्कि यह अनुशासन, मेहनत और टीमवर्क का शानदार उदाहरण भी है।
सैन्य सेवा में काम करने वाली इन अधिकारियों की जिम्मेदारियां पहले से ही काफी मुश्किल होती हैं। इसके बावजूद उन्होंने अपनी फिटनेस बनाए रखते हुए इतनी लंबी दूरी की दौड़ के लिए खुद को तैयार किया।
100 किलोमीटर रिले अल्ट्रा रन को पूरा करना अपने आप में एक बड़ी चुनौती है। इसके लिए महीनों की तैयारी, नियमित अभ्यास और मजबूत मानसिक शक्ति की जरूरत होती है।
इन अधिकारियों ने यह साबित किया कि अगर इच्छाशक्ति मजबूत हो, तो व्यस्त जीवन के बीच भी बड़े लक्ष्य हासिल किए जा सकते हैं। (Pinkathon Ultra Delhi)
महिला सशक्तिकरण का दिया संदेश
पिंकाथॉन जैसे कार्यक्रमों का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को स्वास्थ्य और फिटनेस के प्रति जागरूक करना है। इस प्रतियोगिता में भाग लेने वाली महिलाओं में प्रोफेशनल एथलीट से लेकर आम कामकाजी महिलाएं भी शामिल होती हैं।
आर्म्ड फोर्सेज मेडिकल सर्विसेज की इन अधिकारियों की उपलब्धि खास इसलिए भी है क्योंकि वे देश की सेवा करने के साथ-साथ खेल और फिटनेस में भी उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रही हैं। यह उपलब्धि देश की उन सभी महिलाओं के लिए प्रेरणा है, जो अपने व्यस्त जीवन के बावजूद फिट और सक्रिय रहना चाहती हैं। (Pinkathon Ultra Delhi)
पिंकाथॉन का उद्देश्य
पिंकाथॉन की शुरुआत वर्ष 2012 में की गई थी। इसका उद्देश्य महिलाओं में फिटनेस और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना था। आज यह भारत के सबसे बड़े महिला रनिंग इवेंट्स में से एक बन चुका है। इसमें छोटी दूरी से लेकर अल्ट्रा दूरी तक की दौड़ आयोजित की जाती हैं।
इस कार्यक्रम के माध्यम से महिलाओं को यह संदेश दिया जाता है कि उम्र, काम या जिम्मेदारियां फिटनेस के रास्ते में बाधा नहीं बननी चाहिए। (Pinkathon Ultra Delhi)

