📍नई दिल्ली | 23 Jan, 2026, 6:56 PM
Republic Day Parade 2026: इस बार गणतंत्र दिवस के मौके पर कर्तव्यपथ पर भारत की सैन्य ताकत और तीनों सेनाओं के आपसी तालमेल की बड़ी झलक देखने को मिलेगी। 77वें गणतंत्र दिवस परेड के दौरान कर्तव्य पथ पर भारतीय सशस्त्र बलों की ओर से एक विशेष ट्राई-सर्विस झांकी पेश की जाएगी, जिसका नाम है “ऑपरेशन सिंदूर: विक्ट्री थ्रू जॉइंटनेस”। यह टेबलो थलसेना, नौसेना और वायुसेना की संयुक्त क्षमता, सटीक मारक शक्ति और स्वदेशी सैन्य प्रणालियों को दर्शाएगा।
हेडक्वॉर्टर इंटीग्रेटेड डिफेंस स्टाफ (HQ-IDS) के एयर कमोडोर मनीष सभरवाल ने बताया कि ऑपरेशन सिंदूर आज हर बच्चे की जुबान पर है और इसी वजह से इसे गणतंत्र दिवस परेड में एक कॉम्पैक्ट लेकिन प्रभावशाली रूप में दिखाया जा रहा है।
एयर कमोडोर मनीष सभरवाल के अनुसार, यह पहली बार नहीं है जब भारत की थलसेना, नौसेना और वायुसेना ने मिलकर कोई संयुक्त अभियान किया हो, लेकिन जिस स्तर की जॉइंटनेस यानी आपसी तालमेल इस ऑपरेशन में देखने को मिला, वह पहले कभी नहीं देखा गया। उन्होंने कहा कि झांकी में तीनों सेनाओं के सबसे महत्वपूर्ण और निर्णायक तत्वों को शामिल किया गया है, ताकि लोग समझ सकें कि यह अभियान कैसे अंजाम दिया गया। (Republic Day Parade 2026)
Republic Day Parade 2026: प्रधानमंत्री के विजन से जुड़ा है ऑपरेशन सिंदूर
ऑपरेशन सिंदूर को प्रधानमंत्री के उस दृष्टिकोण से जोड़ा गया है, जिसमें आत्मनिर्भर भारत और विकसित भारत @2047 की परिकल्पना शामिल है। इस ऑपरेशन के जरिए यह संदेश दिया गया है कि भारत अब अपनी सुरक्षा जरूरतों के लिए खुद पर निर्भर है और सैन्य शक्ति के मामले में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
टेबलो में इस पूरे ऑपरेशन को क्रमबद्ध तरीके से दिखाया जाएगा, ताकि आम लोग भी यह समझ सकें कि तीनों सेनाएं किस तरह एक-दूसरे के साथ तालमेल बनाकर काम करती हैं। (Republic Day Parade 2026)
ऑपरेशन की शुरुआत: पहले ही रात में नौ आतंकी ठिकाने ध्वस्त
एयर कमोडोर सभरवाल ने बताया कि ऑपरेशन सिंदूर के पहले चरण में पहली ही रात नौ आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया। इनमें से सात ठिकाने थलसेना द्वारा और दो ठिकाने वायुसेना द्वारा नष्ट किए गए। इसके बाद दुश्मन के एयर डिफेंस सिस्टम, मिलिट्री टारगेट्स और अन्य अहम ठिकानों को भी वायुसेना ने निशाना बनाया। यही पूरा क्रम गणतंत्र दिवस की झांकी में प्रतीकात्मक रूप से दिखाया जाएगा। (Republic Day Parade 2026)
#RepublicDayParade 2026 | Operation Sindoor Tableau
Air Commodore Manish Sabharwal shared exclusive details with @rakshasamachar on the Operation Sindoor tableau, showcasing a powerful blend of operational excellence, innovation and the spirit of national pride for this year’s… pic.twitter.com/FE3BueXszw— Raksha Samachar | रक्षा समाचार 🇮🇳 (@RakshaSamachar) January 23, 2026
सु-30 एमकेआई और ब्रह्मोस की झलक
झांकी में सु-30 एमकेआई लड़ाकू विमान द्वारा ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल के प्रतीकात्मक लॉन्च को भी दिखाया गया है। एयर कमोडोर सभरवाल ने बताया कि इस हमले में दुश्मन के एक एयरबेस को नष्ट किया गया और वहां मौजूद हैंगर को भी तबाह कर दिया गया। इन हैंगरों के भीतर कई विमान मौजूद थे, जिन्हें इस हमले में नुकसान पहुंचा। यही दृश्य झांकी में भी साफ तौर पर नजर आएगा। (Republic Day Parade 2026)
एस-400- लॉन्ग रेंज किलर
ऑपरेशन सिंदूर में एस-400 एयर डिफेंस सिस्टम की भूमिका भी खास रही। एयर कमोडोर सभरवाल के अनुसार, यह पहली बार था जब किसी एयर डिफेंस हथियार से 300 किलोमीटर से ज्यादा दूरी पर सबसे लंबी रेंज का शॉट लिया गया। इस कार्रवाई में दुश्मन के एयरबोर्न वार्निंग एंड कंट्रोल (एडब्ल्यूसी) एयरक्राफ्ट को निशाना बनाया गया। झांकी में इस सिस्टम को भी प्रमुखता से दर्शाया गया है।
एयर कमोडोर सभरवाल ने कहा कि झांकी में जो कुछ भी दिखाया गया है, वह पहले से ही जनता की यादों में मौजूद है। यह झांकी उसी संकल्प को एक बार फिर दोहराने का माध्यम है कि अगर देश एकजुट होकर लड़े, तो कोई भी चुनौती बड़ी नहीं होती। (Republic Day Parade 2026)
18 से 88 घंटों में ऑपरेशन सिंदूर
ऑपरेशन सिंदूर 18 से 88 घंटों के भीतर चरणबद्ध तरीके से पूरा किया गया। इसमें आतंकी लॉन्च इंफ्रास्ट्रक्चर, कमांड एंड कंट्रोल नोड्स, लॉजिस्टिक्स हब, एयर डिफेंस सिस्टम और गोला-बारूद भंडारण ठिकानों को निशाना बनाया गया। इस पूरे अभियान में यह ध्यान रखा गया कि न्यूनतम कोलेटरल डैमेज हो। (Republic Day Parade 2026)
ट्राई-सर्विस टेबलो में क्या-क्या दिखेगा
HQ-IDS द्वारा प्रस्तुत इस ट्राई-सर्विस टेबलो का पहला हिस्सा भारतीय नौसेना की भूमिका को दिखाएगा। इसमें समुद्री मोर्चे पर नौसेना की पकड़ और समुद्र में दुश्मन की गतिविधियों को रोकने की क्षमता को दर्शाया जाएगा। यह हिस्सा यह बताता है कि समुद्री सीमा पर भारत की स्थिति मजबूत है और किसी भी विरोधी को समुद्र में खुली छूट नहीं दी जाएगी।
ब्रह्मोस के साथ वायुसेना की ताकत
टेबलो में आगे एसयू-30 एमकेआई लड़ाकू विमान को दिखाया जाएगा, जो ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल लॉन्च करता है। इस हमले के जरिए दुश्मन के मजबूत एयरक्राफ्ट शेल्टर को नष्ट करते हुए दिखाया जाएगा। यह भारत की सटीक मारक क्षमता का प्रतीक होगा।
नौसेना के बाद टेबलो में भारतीय थलसेना की भूमिका दिखाई जाएगी। इसमें एम-777 अल्ट्रा-लाइट हॉवित्जर तोपों को दर्शाया जाएगा, जो सटीक और नियंत्रित फायरपावर के लिए जानी जाती हैं। यह हिस्सा बताता है कि थलसेना किस तरह दुश्मन की मंशा को सटीक हमलों के जरिए निष्क्रिय करती है। इसके साथ ही एस-400, एल-70 सिस्टम जैसे हथियारों की डिटरेंस पोजिशन को दर्शाया गया है। इन तोपों के पीछे आकाश एयर डिफेंस सिस्टम को दिखाया जाएगा, जो भारत की बहु-स्तरीय हवाई सुरक्षा प्रणाली का प्रतीक है। यह दर्शाता है कि जमीन और आसमान दोनों में सुरक्षा को लेकर भारत पूरी तरह सतर्क है। (Republic Day Parade 2026)
टेबलो का मध्य भाग ऑपरेशन सिंदूर के सबसे अहम चरण को दर्शाएगा। इसमें भारत की नई राष्ट्रीय सुरक्षा नीति की झलक मिलेगी, जिसमें तेज प्रतिक्रिया, सीमित लेकिन प्रभावी कार्रवाई और उच्च सटीकता पर जोर दिया गया है।
इस क्रम में पहले हारोप लॉइटरिंग म्यूनिशन को दिखाया जाएगा, जो दुश्मन के एयर डिफेंस रडार को नष्ट करता है। यह हिस्सा भारत की मानवरहित और सटीक युद्ध क्षमता को दर्शाता है।
इसके बाद राफेल लड़ाकू विमान, जो स्कैल्प मिसाइल से लैस है, आतंकवादी ठिकानों पर सर्जिकल स्ट्राइक करता हुआ दिखाया जाएगा। यह दृश्य यह बताता है कि भारत अब लंबी दूरी से भी सटीक और प्रभावी हमला करने में सक्षम है। (Republic Day Parade 2026)
पूर्व और पश्चिम की प्रतीकात्मक सीमा
झांकी में एक प्रतीकात्मक बॉर्डर भी दिखाया गया है। दाएं से बाएं देखने पर पूरब की ओर भारत और पश्चिम की ओर पाकिस्तान को दर्शाया गया है। इस पूरे मॉडल में ऑपरेशन का क्रम आंखों के सामने खुलता हुआ दिखाई देगा।
ब्रांड इंडिया डिफेंस की ताकत
ऑपरेशन सिंदूर को ब्रांड इंडिया डिफेंस से ताकत मिली। यह झांकी दिखाती है कि भारत की स्वदेशी रक्षा प्रणालियां अब केवल बराबरी नहीं कर रहीं, बल्कि कई मामलों में नेतृत्व कर रही हैं। इसमें ट्राई-सर्विस इंटरऑपरेबिलिटी, सिविल-मिलिट्री फ्यूजन, निर्णायक जवाबी कार्रवाई और रियल-टाइम कोऑर्डिनेशन को भारत की ताकत की रीढ़ के रूप में दिखाया गया है। (Republic Day Parade 2026)


