📍नई दिल्ली | 9 Aug, 2025, 9:42 PM
Op Sindoor Pakistani jets downed: 7 मई से 10 मई तक लगभग 80 घंटे तक चले ऑपरेशन सिंदूर में पाकिस्तान के कम से कम छह फाइटर जेट्स का नुकसान हुआ। इसका खुलासा खुद वायु सेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल एपी सिंह ने किया। इस बात की पुष्टि फाइटर जेट्स के लिए इजेक्शन सीट बनाने वाली कंपनी ब्रिटेन की कंपनी मार्टिन-बेकर ने सीधे तौर पर तो नहीं की, लेकिन उसने इसके संकेत जरूर दिए।
दरअसल मार्टिन-बेकर कंपनी हर बार आंकड़े तब अपडेट करती है, जब फाइटर जेट में उसकी बनी इजेक्शन सीट की मदद से कोई पायलट सुरक्षित बाहर निकलने में सफल होता है। वे केवल तभी पोस्ट करते हैं जब पायलट सुरक्षित बाहर निकलता है। वहीं, अगर कोई विमान क्रैश होता है या पायलट इजेक्शन सीट का इस्तेमाल करता है, लेकिन बच नहीं पाता है, तो कंपनी इसकी जानकारी शेयर नहीं करती। वहीं, कंपनी युद्ध में खोए गए विमानों की जानकारी भी नहीं देती, क्योंकि इसमें गोपनीयता का समझौता शामिल होता है। लेकिन वे बचाई गई जानों की संख्या को जरूर अपडेट करते हैं।
16 अप्रैल को मार्टिन-बेकर ने सोशल मीडिया पर पोस्ट किया कि एक दिन पहले पाकिस्तान वायुसेना का मिराज वी रोज विमान रट्टा टिब्बा, वेहारी के पास क्रैश हो गया था। इस विमान के दोनों पायलट मार्टिन-बेकर की पीआरएम4 इजेक्शन सीट का इस्तेमाल करके सुरक्षित बाहर निकल गए। कंपनी ने बताया कि उस समय तक उनकी सीट्स ने 7,784 लोगों की जान बचाई थी।
🚨 BREAKING 🚨@IAF_MCC Air Chief Marshal AP Singh confirms: IAF Air Defence SAM systems (S-400) shot down at least 5 PAF fighter jets & an AEW&C/ELINT aircraft at 300 km range.
Deep penetration strikes hit Jacobabad hangars housing F-16s under maintenance.
Result? Pakistan DGMO… pic.twitter.com/MVgdaxwE30— Raksha Samachar | रक्षा समाचार 🇮🇳 (@RakshaSamachar) August 9, 2025
इसके बाद 7 मई को, मार्टिन-बेकर ने एक और पोस्ट किया। इसमें बताया गया कि एक दिन पहले अमेरिकी नौसेना का एफ/ए-18एफ सुपर हॉर्नेट विमान रात में यूएसएस हैरी एस. ट्रूमैन जहाज पर लैंडिंग के दौरान क्रैश हो गया। इस विमान के दोनों क्रू मेंबर्स मार्टिन-बेकर की यूएस14ए (NACES) इजेक्शन सीट का इस्तेमाल करके सुरक्षित बाहर निकल गए। इस पोस्ट में कंपनी ने बचाई गई जानों की संख्या को अपडेट करके 7,788 बताया।
उसी दिन, 7 मई को कंपनी ने एक और क्रैश की जानकारी दी। इसमें बताया गया कि फिनलैंड की डिफेंस फोर्स का एफ/ए-18सी हॉर्नेट विमान लैपलैंड के रोवानीमी के पास एक एयर शो की प्रैक्टिस के दौरान क्रैश हो गया। इस विमान का पायलट मार्टिन-बेकर की एसएफ-14ए (NACES) इजेक्शन सीट का इस्तेमाल करके सुरक्षित बाहर निकल गया। इसके बाद कंपनी ने बचाई गई जानों की संख्या को 7,789 बताया।
लेकिन खास बात यह रही कि इस अपडेट में 7,785 और 7,786 की संख्या गायब थी। इसका मतलब है कि 16 अप्रैल से 7 मई के बीच कम से कम एक या दो विमान क्रैश हुए, जिसमें दो पायलट शामिल थे। इसका रिकॉर्ड तो जोड़ा गया, लेकिन जानकारी सार्वजनिक तौर पर शेयर नहीं की गई।
मार्टिन-बेकर का अगला अपडेट 31 जुलाई को आया। इसमें बताया गया कि उनकी इजेक्शन सीट्स ने कुल 7,793 लोगों की जान बचाई। इस पोस्ट में कहा गया कि एक दिन पहले पोर्टो फरेरा के ऊपर एक ए-29ए सुपर टूकानो विमान मिड-एयर टक्कर के चलते क्रैश हो गया। जिसमें पायलट ने BR10LCX सीट का इस्तेमाल कर इजेक्ट किया।
7 मई के बाद भारतीय वायुसेना में केवल एक हादसा हुआ, जिसमें एक जैगुआर फाइटर जेट ट्रेनिंग के दौरान दुर्घटनाग्रस्त हुआ, जिसमें दोनों पायलट इजेक्ट नहीं कर पाए और और उनकी जान चली गई।
मार्टिन-बेकर की इजेक्शन सीट्स से बचाई गई तीन जानों (7,790, 7,791, 7,792) का रहस्य भारतीय वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल एपी सिंह के बयान से खुल सकता है। उन्होंने शनिवार को बताया कि भारत की एस-400 ट्रायम्फ एयर डिफेंस सिस्टम ने पाकिस्तान के पांच फाइटर जेट्स को मार गिराया।
पाकिस्तानी वायुसेना के जिन फाइटर जेट्स में मार्टिन-बेकर की इजेक्शन सीटें लगी होती हैं, उनमें JF-17 और F-16 शामिल हैं। जबकि उनके J-10 फाइटर जेट्स में चीनी इजेक्शन सीट्स का इस्तेमाल होता है।
मार्टिन-बेकर की पोस्ट्स और वायुसेना प्रमुख के आज के बयान को जोड़कर देखें, तो यह साफ होता है कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान कम से कम तीन पाकिस्तानी पायलट अपने विमानों के मार गिराए जाने के बावजूद मार्टिन-बेकर की इजेक्शन सीट्स की मदद से सुरक्षित बाहर निकले। इससे एयर चीफ मार्शल के इस दावे की पुष्टि होती है कि ऑपरेशन सिंदूर में पाकिस्तान के लड़ाकू विमान भारतीय मिसाइलों का शिकार बने थे।
बता दें कि ऑपरेशन सिंदूर 7 मई को शुरू हुआ और चार दिन तक चला। यह ऑपरेशन अप्रैल 2025 में कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के जवाब में शुरू किया गया था, जिसमें 26 लोग मारे गए थे। भारतीय वायुसेना ने इस ऑपरेशन में पाकिस्तान और उसके कब्जे वाले कश्मीर में नौ आतंकी ठिकानों पर हमले किए थे।