📍बेंगलुरु | 22 Aug, 2025, 9:40 PM
Parliamentary Defence Panel: रक्षा मामलों की संसदीय स्थायी समिति ने आज बेंगलुरु में हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) का दौरा किया। दस सदस्यों वाली इस समिति की अगुवाई लोकसभा सांसद राधा मोहन सिंह ने की। अपने इस दौरे में हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड की हेलिकॉप्टर डिवीजन, LCA तेजस डिवीजन और एअरक्राफ्ट डिवीजन का जायजा लिया। इससे पहले जुलाई में प्रधानमंत्री के प्रधान सचिव डॉ. पी.के. मिश्रा ने भी बेंगलुरु में एचएलएल की फैसिलिटीज का दौरा किया था।
एचएएल से मिली जानकारी के मुताबिक कंपनी ने समिति को अपनी आधुनिकीकरण योजनाओं और स्वदेशी परियोजनाओं में हो रही प्रगति के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इस दौरान एचएएल में बन ररहे स्वदेशी विमानों और हेलिकॉप्टरों ने हवाई करतब भी दिखाए। जिसमें एलसीए तेजस Mk 1A, हिंदुस्तान टर्बो ट्रेनर-40, हिंदुस्तान जेट ट्रेनर ‘यशस’ और हॉक-आई जैसे विमानों ने हिस्सा लिया। इसके साथ ही, ध्रुव एडवांस लाइट हेलिकॉप्टर और लाइट यूटिलिटी हेलिकॉप्टर ने भी अपनी क्षमताओं का प्रदर्शन किया।
इस समिति को एचएएल की आधुनिकरण योजनाओं और स्वदेशीकरण से जुड़ी प्रमुख परियोजनाओं की जानकारी दी गई। एचएएल के अधिकारियों ने बताया कि आने वाले समय में कंपनी न केवल भारतीय वायुसेना की जरूरतों को पूरा कर रही है बल्कि निर्यात के क्षेत्र में भी महत्वपूर्ण योगदान दे रही है।
🚨 Parliamentary Defence Panel visits HAL Bengaluru 🚨
The Parliamentary Standing Committee on Defence, led by Chairman Radha Mohan Singh, visited HAL facilities in Bengaluru today.
👨✈️ The 10-member panel was welcomed by HAL CMD Dr. D.K. Sunil and senior officials.
✈️ HAL… pic.twitter.com/oF5QFCaE8B— Raksha Samachar | रक्षा समाचार 🇮🇳 (@RakshaSamachar) August 22, 2025
इससे पहले, 9 जुलाई 2025 को, प्रधानमंत्री के प्रधान सचिव डॉ. पी.के. मिश्रा ने बेंगलुरु में एचएएल की सुविधाओं का दौरा किया था। उन्होंने अपने दौरे की शुरुआत एचएएल के विमान अनुसंधान और डिजाइन केंद्र में LCA Mk-2 हैंगर से की थी। इसके बाद उन्होंने तेजस Mk-1A के असेंबली हैंगर और एयरोस्पेस डिवीजन का जायजा लिया था। इस दौरान उन्हें तेजस Mk-1A के उत्पादन की प्रगति के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई थी। एचएएल ने उन्हें छह Mk-1A फाइटर जेट और दो Mk-1 ट्रेनर जेट भी दिखाए थे, जो जल्द ही भारतीय वायुसेना को सौंपे जाएंगे।

डॉ. मिश्रा को एचएएल ने तेजस Mk-2 और एडवांस मीडियम कॉम्बैट एयरक्राफ्ट (AMCA) जैसी परियोजनाओं की जानकारी ली थी। उन्होंने ‘प्रचंड’ लाइट कॉम्बैट हेलिकॉप्टर, लाइट यूटिलिटी हेलिकॉप्टर, ध्रुव ALH और HTT-40 ट्रेनर विमान के प्रोटोटाइप भी देखे थे। इसके अलावा, उन्होंने भारत के अंतरिक्ष कार्यक्रम से जुड़े GSLV MkIII और PSLV रॉकेट्स के असेंबली शॉप्स का दौरा करने के साथ गगनयान मिशन के लिए एचएएल के सिस्टम्स और इंटीग्रेटेड क्रायोजेनिक इंजन निर्माण सुविधा का निरीक्षण किया। उनके इस दौरे को इस बात से जोड़ा जा रहा था कि प्रधानमंत्री कार्यालय एचएएल के कार्यों और भारत के रक्षा व अंतरिक्ष क्षेत्र की प्रगति पर पैनी नजर रख रहा है।